udaydinmaan, News Jagran, Danik Uttarakhand, Khabar Aaj Tak,Hindi News, Online hindi news भाजपा ने पब्लिक स्कूलों पर दबाव बनाकर की चंदा वसूलीः धस्माना 

भाजपा ने पब्लिक स्कूलों पर दबाव बनाकर की चंदा वसूलीः धस्माना 

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देहरादून। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा है कि आजीवन सदस्यता अभियान के नाम पर राजधानी के सीबीएसई व आईसीएसई के स्कूलों से दवाब बनाकर जबरन चंदा वसूली कर इकट्ठा किया गया। उनका कहना है कि सरकार व संगठन को इस चंदे का ब्योरा सार्वजनिक करना चाहिए की किससे कितना चंदा इकटठा किया गया है।
कांग्रेस भवन में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि आजीवन सदस्यता अभियान के नाम पर राजधानी के सीबीएसई व आईसीएसई के स्कूलों से दवाब बनाकर जबरन चंदा वसूली कर इकटठा किया गया। सरकार व संगठन को इस चंदे का ब्यौरा सार्वजनिक करना चाहिए की किससे कितना चंदा इकटठा किया गया है।
भाजपाईयों ने दो स्लैब में यह चंदा स्कूलों से इकटठा किया है और पहला स्लैब चार सौ से एक हजार तक के छात्र संख्या तथा दूसरा स्लैब एक हजार से अधिक की छात्र संख्या पर रखा गया था, जिसमें दो लाख से 11 लाख रूपये निर्धारित किये गये थे। राजधानी के अस्सी से अधिक स्कूलों से यह वसूली की गई है। भाजपा ने जनता से 25 करोड़ 11 लाख, 11 हजार रूपये के चैक इकटठा किये है और उसका ब्यौरा उन्हें सार्वजनिक करना चाहिए और इसके एवज में रसीद भी दी गई है।
उनका कहना है कि भाजपा व सरकार बताये की पब्लिक स्कूलों को क्या आश्वासन देकर यह चंदा लिया गया है, जबकि सीबीएसई व आईसीएसई एसोसिएशन की बैठक बुलाकर स्लैब देकर यह चंदा वसूली की गई है। उनका कहना है कि पब्लिक स्कूलों के फीस बढोत्तरी, ड्रेस, पुस्तकें खरीदने सहित अन्य समस्याओं को लेकर जनता आंदोलन करती आई है। उनका कहना है कि अभी शिक्षण संस्थानों का ही पता चल पाया है और पेट्रोल पंप सहित अन्य संस्थानों से भी चंदा वसूली की गई हो।
वर्तमान समय में प्रदेश में जो हालत चल रहे है और भाजपा के एक वरिष्ठ विधायक राज्य सरकार के जीरो टॉलरेंस का मखौल उड़ा रहे है और इस मामले की राष्ट्रीय अध्यक्ष से भी शिकायत की है। नगर निगम चुनाव को मात्र डेढ़ माह का समय रह गया है और पिछले दस साल से नगर निगम के मेयर ने मलिन बस्तियों को मालिकाना हक देने के लिए कोई काम नहीं किया है और अब मलिन बस्तियांे पर हाउस टैक्स लिये जाने की बातें कर रहे है।
उनका कहना है कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने विधानसभा व कैबिनेट से मलिन बस्तियों को नियमित करने का फैसला किया और नगर निगम मलिन बस्तियों से हाउस टैक्स नहीं ले पाया और मेयर को मलिन बस्तियों से हाउस टैक्स लेने की याद आ रही है। उनका  कहना है कि इसी प्रकार से आपदा के बाद केदारनाथ धाम में प्रदेश की तत्कालीन कांग्रेस सरकार के समय से हीे निर्माण कार्य किये जा रहे है और कई काम पूर्ण होने को है और देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से राज्य की सरकार ने इस कार्य का उदघाटन कराया और अब निर्माण कार्यों की ब्रैडिंग के लिए एक टीम ने आना था लेकिन वह दौरा स्थगित कर दिया गया।
उनका कहना है कि 2017 में सत्ता संभालने के बाद से लेकर आज तक प्रदेश सरकार ने केदारनाथ धाम में क्या क्या कार्य किये, सरकार को यह सार्वजनिक करना होगा। उनका कहना है कि सरकार को इसका जवाब देना होगा। पत्रकार वार्ता में प्रदेश प्रवक्ता गरिमा दसौनी, जगदीश धीमान, उपेन्द्र सिंह थापली आदि मौजूद रहे।