udaydinmaan, News Jagran, Danik Uttarakhand, Khabar Aaj Tak,Hindi News, Online hindi news उर्गम भेंटा घाटी के श्री फ्यूँला नारायण धाम के कपाट श्रावण संक्रान्ति पर्व पर खुले

उर्गम भेंटा घाटी के श्री फ्यूँला नारायण धाम के कपाट श्रावण संक्रान्ति पर्व पर खुले

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जोशीमठः दस हजार फीट की ऊँचाई पर स्थित श्री फ्यूँला नारायण धाम के कपाट आज विधि विधान से आगामी आश्विन मास की नंदा अष्टमी तक के लिऐ खोल दिऐ गये है।  नंदा देवी मंदिर भर्की से नारायण भगवान के पवित्र कलश, चिमटे को पुजारी रघुवीर सिंह पंवार और देवपूजा के लिऐ पुष्प चुनने की जिम्मेदारी पद फ्यूलयाँण गोदम्बरी देवी के साथ भर्की, भेंटा, पिलखी, ग्वाणा, अरोसी के सैकड़ो ग्रामीणो ने धाम की ओर प्रस्थान किया।

धाम पहुचने पर पुजारी द्वारा फ्यूला नारायण भगवान को दूध तथा सत्तू का विशेष भोग लगा कर पूजा गया। क्षेत्र के ईष्ट देव घण्टाकर्ण, भूमियाल, स्वनुल नंदा, दाणी, वनदेवीयो के दाणू की विशेष पूजा की गयी। ग्रामीणों द्वारा भगवान नालायण की अखण्ड धूनी को चेतन कर दिया गया है। फ्यूला नारायण की पूजा भर्की, भेंटा, पिलखी, ग्वाणा, अरोसी के ठाकुर परिवारो द्वारा बारी बारी से की जाती है। इस वर्ष भेंटा गाँव के रघुवीर सिंह पुजा का निर्वहन करेगे। नंदा अष्टमी को पुजारी अगले साल तक के लिऐ कपाट बंद कर लौट आते है।

इस अवसर पर प्रधानन संघ के अध्यक्ष लक्षमण सिंह नेगी, प्रधान भर्की दुलब सिंह रावत, रामचंद्र कण्डवाल, उगार फरस्वाण, यशवंत चौहान, कैलाश सुन्दरियाल, मंमद अध्यक्षा विनीता देवी, बंसती देवी, लालण सिंह पंवार, मुकेश सिंह, नंदा सिंह, बलवीर सिंह, खुड़वीर सिंह, रघुवीर सिंह, दाणी पश्वा रणजीत, आलमी देवी, पूरण सिह, हर्षवर्धन सिंह , गोपाल सिंह पंवार समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे।

हमें भी इस बार इस यात्रा में शामिल होने का मौका मिला जिसमें मेरे साथ सुरेन्द्र सिह भण्डारी, महेन्द्र कठैत, जोतपाल सिंह सामिल थे। यात्रा आलौकिक और दिव्यता से भरपूर है। आईये भगवान फ्यूला नारायम के दर्शन करें।प्रत्येक साल तीन माह के लिऐ श्रावण संक्रान्ति को खोले जाते है फ्यूला नारायण के लिऐ हेंलग से देवग्राम उर्गमम तक सड़क से पहुचा जा सकता है जहाँ से 1 किमी दूर इंटर कल्पनाथ धाम तक पैदल 3 किमी भर्कि पहुचा सकता है।